फतेहपुर पोखर में आगजनी से किसान को नुकसान, विधायक छाया मोरे ने मौके पर पहुंचकर लिया जायजा।

अधिकारियों को नुकसान का प्रकरण तैयार कर मुआवजा दिलाने के निर्देश, बिजली के झूलते तार और केबल दुरुस्त करने की भी उठाई बात।
खंडवा। पंधाना विधानसभा क्षेत्र के ग्राम फतेहपुर पोखर में मंगलवार सुबह करीब 10 बजे किसान ओम्कार पिता छितर पटेल के यहां आगजनी की घटना से नुकसान हुआ। घटना की जानकारी मिलते ही पंधाना विधायक एवं भाजपा प्रदेश प्रवक्ता छाया गोविन्द मोरे भाजपा पदाधिकारियों और प्रशासनिक अधिकारियों के साथ किसान के घर पहुंचीं। उन्होंने घटनास्थल का निरीक्षण कर आगजनी से हुए नुकसान की जानकारी ली और पीड़ित परिवार को शासन की ओर से नियमानुसार सहायता दिलाने के लिए अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
समाजसेवी व प्रवक्ता सुनील जैन ने बताया की विधायक मोरे ने मौके पर मौजूद अधिकारियों से नुकसान का आकलन कर प्रकरण तैयार करने और किसान परिवार को मुआवजा दिलाने की प्रक्रिया शीघ्र पूरी करने को कहा। उन्होंने पीड़ित परिवार से मुलाकात कर भरोसा दिलाया कि शासन की ओर से हरसंभव सहायता उपलब्ध कराने के प्रयास किए जाएंगे।
एसडीएम से फोन पर की चर्चा, तत्काल सहायता के निर्देश
मौके से ही विधायक ने पंधाना एसडीएम दिनेश सांवले से फोन पर चर्चा की और प्रभावित परिवार को तत्काल राहत उपलब्ध कराने के लिए आवश्यक कदम उठाने को कहा। उन्होंने अधिकारियों से नुकसान का आकलन कर नियमानुसार सहायता सुनिश्चित करने पर जोर दिया, ताकि संकट की इस घड़ी में परिवार को राहत मिल सके।
झूलते बिजली तारों की व्यवस्था सुधारने की बात
प्रवक्ता सुनील जैन ने बताया की आगजनी की घटना के दौरान गांव में बिजली के झूलते तारों और केबलों की व्यवस्था का मुद्दा भी सामने आया। विधायक मोरे ने मध्यप्रदेश पश्चिम क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी के अधिकारियों से चर्चा कर गांव में झूलते तारों और केबलों को व्यवस्थित करने तथा आवश्यक सुधार करने की बात कही। उन्होंने बिजली व्यवस्था से जुड़ी समस्याओं को गंभीरता से लेते हुए उन्हें दूर करने की आवश्यकता बताई।
प्रवक्ता सुनील जैैन ने बताया कि इस दौरान विधायक छाया मोरे के साथ भाजपा जिला उपाध्यक्ष आनंद सिंह चौहान, अमजद कादरी, यस मालवीय, धर्मेंद्र राठौर, बद्री पटेल, परमानंद पटेल सहित अन्य भाजपा पदाधिकारी एवं ग्रामीण मौजूद रहे। प्रशासन की ओर से नायब तहसीलदार, पटवारी और ग्राम पंचायत सचिव सहित स्थानीय कर्मचारी भी घटनास्थल पर उपस्थित थे।
अब प्रभावित किसान परिवार को नुकसान के आकलन और प्रशासनिक कार्रवाई के आधार पर मिलने वाली सहायता का इंतजार है।
