*सद्भावना मंच ने पर्यूषण के समापन पर क्षमा वाणी पर्व मनाया*
खंडवा। पर्यूषण पर्व के अवसर पर सद्भावना मंच द्वारा भगवान महावीर के “क्षमा वीरस्य भूषणम्” एवं “जियो और जीने दो” के सिद्धांत के अनुसार एक दूसरे से क्षमा मांग कर क्षमा वाणी पर्व मनाया।कार्यक्रम में उपस्थित सदस्यों ने आपसी प्रेम, भाईचारे, क्षमा और सद्भाव की भावना को जीवन में अपनाने का संदेश दिया।
सद्भावना मंच सदस्य कमल नागपाल ने बताया कि आयोजन माली कुआँ स्थित कार्यालय में हुआ।इस अवसर पर सद्भावना मंच के संस्थापक प्रमोद जैन ने कहा कि क्षमा वाणी दिवस आत्ममंथन और आपसी संबंधों को मजबूत करने का अवसर है। भगवान महावीर के क्षमा, अहिंसा और जियो और जीने दो के संदेश को अपनाकर समाज में आपसी सौहार्द और शांति को बढ़ावा दिया जा सकता है।कार्यक्रम में प्रमोद जैन, सुरेंद्र गीते, ओम पिल्ले,देवेंद्र जैन,सुनील सोमानी,अनूप शर्मा,राधेश्याम शाक्य,के बी मंसारे,गणेश भावसार,जगदीश चौरे,निमिष भंसाली,रजत सोहनी,कमल नागपाल,नारायण फरकले,योगेश गुजराती,श्वेता हरि सखी,मनीष गुप्ता,अशोक पारवानी, धीरज नेगी,रामेन्द्र गंगराड़े,सुभाष मीणा, कैलाश पटेल आदि उपस्थित रहे।
